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सीबीएसई द्वारा जारी आधिकारिक नोटिफिकेशन के अनुसार, 12वीं कक्षा की सप्लीमेंट्री प्रैक्टिकल परीक्षाएं 29 जुलाई 2026 से 4 अगस्त 2026 तक आयोजित की जाएंगी। बोर्ड ने परीक्षाओं के सुचारू संचालन के लिए सभी पात्र छात्रों को सख्त हिदायत दी है कि वे बिना अंतिम तिथि का इंतजार किए 27 जुलाई 2026 तक अपने संबंधित स्कूलों या आवंटित परीक्षा केंद्रों से अनिवार्य रूप से संपर्क स्थापित कर लें।
पहली श्रेणी में वे छात्र आते हैं जिनकी अंकतालिका में 'Repeat in Practical' (RP) दर्ज है। ऐसे विद्यार्थियों को केवल उस विशेष विषय की व्यावहारिक परीक्षा में ही शामिल होना होगा। ध्यान देने योग्य बात यह है कि पूर्व में आयोजित थ्योरी (Theory) परीक्षा में उनके द्वारा प्राप्त किए गए अंक पूरी तरह से सुरक्षित और यथावत रहेंगे। उन्हें थ्योरी का पेपर दोबारा देने की कोई जरूरत नहीं होगी।
दूसरी श्रेणी में वे छात्र शामिल हैं जिनके परिणाम में 'Repeat in Theory and Practical Both' (RB) लिखा हुआ है। नियम के मुताबिक, इस श्रेणी के परीक्षार्थियों को सप्लीमेंट्री परीक्षा प्रक्रिया के दौरान थ्योरी और प्रैक्टिकल दोनों घटकों में अनिवार्य रूप से पुनः शामिल होना पड़ेगा।
नियमित छात्रों (Regular Candidates) के लिए ये प्रैक्टिकल परीक्षाएं उनके अपने संबंधित स्कूलों में ही आयोजित की जाएंगी, जहाँ उन्होंने पूरे वर्ष पढ़ाई की है। इसके विपरीत, प्राइवेट परीक्षार्थियों (Private Candidates) के लिए प्रैक्टिकल परीक्षा उन्हीं परीक्षा केंद्रों पर आयोजित होगी, जो उन्हें थ्योरी परीक्षा के लिए आवंटित किए गए हैं।
यदि किसी स्कूल या परीक्षा केंद्र के पास किसी विशिष्ट विषय की व्यावहारिक परीक्षा आयोजित करने के लिए आवश्यक प्रयोगशाला, उपकरण या बुनियादी ढांचा उपलब्ध नहीं है, तो ऐसी स्थिति में सीबीएसई का संबंधित क्षेत्रीय कार्यालय (Regional Office) हस्तक्षेप करेगा और पास के किसी अन्य उपयुक्त स्कूल में वैकल्पिक परीक्षा केंद्र की व्यवस्था सुनिश्चित करेगा।
सभी परीक्षार्थियों को 27 जुलाई 2026 तक अपने एडमिट कार्ड और प्रोविजनल मार्कशीट की प्रति के साथ अपने परीक्षा केंद्र पर उपस्थिति दर्ज करानी होगी ताकि परीक्षा की सटीक तिथि व समय स्लॉट तय किया जा सके।
इसके अलावा, व्यावहारिक परीक्षाओं की निष्पक्षता बनाए रखने के उद्देश्य से सीबीएसई के क्षेत्रीय कार्यालय स्वयं बाहरी परीक्षक (External Examiners) नियुक्त करेंगे। आंतरिक परीक्षक (Internal Examiners) की नियुक्ति संबंधित स्कूल द्वारा की जाएगी।
बोर्ड ने स्कूलों को निर्देश दिया है कि जिस दिन परीक्षा समाप्त होगी, उसी दिन छात्रों के प्राप्त अंकों को सीधे सीबीएसई के आधिकारिक ऑनलाइन पोर्टल पर अपलोड करना अनिवार्य होगा। एक बार सिस्टम में अंक दर्ज हो जाने के बाद उनमें किसी भी स्थिति में संशोधन या बदलाव की अनुमति नहीं दी जाएगी।
सप्लीमेंट्री प्रैक्टिकल परीक्षा: किन छात्रों के लिए है अनिवार्य?
सीबीएसई ने यह पूरी तरह स्पष्ट कर दिया है कि यह व्यावहारिक (Practical) सप्लीमेंट्री परीक्षा सभी छात्रों के लिए नहीं है, बल्कि इसे मुख्य रूप से दो विशेष श्रेणियों के परीक्षार्थियों के लिए आयोजित किया जा रहा है।पहली श्रेणी में वे छात्र आते हैं जिनकी अंकतालिका में 'Repeat in Practical' (RP) दर्ज है। ऐसे विद्यार्थियों को केवल उस विशेष विषय की व्यावहारिक परीक्षा में ही शामिल होना होगा। ध्यान देने योग्य बात यह है कि पूर्व में आयोजित थ्योरी (Theory) परीक्षा में उनके द्वारा प्राप्त किए गए अंक पूरी तरह से सुरक्षित और यथावत रहेंगे। उन्हें थ्योरी का पेपर दोबारा देने की कोई जरूरत नहीं होगी।
दूसरी श्रेणी में वे छात्र शामिल हैं जिनके परिणाम में 'Repeat in Theory and Practical Both' (RB) लिखा हुआ है। नियम के मुताबिक, इस श्रेणी के परीक्षार्थियों को सप्लीमेंट्री परीक्षा प्रक्रिया के दौरान थ्योरी और प्रैक्टिकल दोनों घटकों में अनिवार्य रूप से पुनः शामिल होना पड़ेगा।
परीक्षा केंद्र और व्यवस्था संबंधी नियम
सीबीएसई ने नियमित (Regular) और स्वाध्यायी (Private) दोनों तरह के परीक्षार्थियों के लिए प्रैक्टिकल परीक्षा केंद्रों के निर्धारण को लेकर पूरी स्पष्टता रखी है ताकि किसी भी छात्र को अनावश्यक परेशानी न हो।नियमित छात्रों (Regular Candidates) के लिए ये प्रैक्टिकल परीक्षाएं उनके अपने संबंधित स्कूलों में ही आयोजित की जाएंगी, जहाँ उन्होंने पूरे वर्ष पढ़ाई की है। इसके विपरीत, प्राइवेट परीक्षार्थियों (Private Candidates) के लिए प्रैक्टिकल परीक्षा उन्हीं परीक्षा केंद्रों पर आयोजित होगी, जो उन्हें थ्योरी परीक्षा के लिए आवंटित किए गए हैं।
यदि किसी स्कूल या परीक्षा केंद्र के पास किसी विशिष्ट विषय की व्यावहारिक परीक्षा आयोजित करने के लिए आवश्यक प्रयोगशाला, उपकरण या बुनियादी ढांचा उपलब्ध नहीं है, तो ऐसी स्थिति में सीबीएसई का संबंधित क्षेत्रीय कार्यालय (Regional Office) हस्तक्षेप करेगा और पास के किसी अन्य उपयुक्त स्कूल में वैकल्पिक परीक्षा केंद्र की व्यवस्था सुनिश्चित करेगा।
सीबीएसई द्वारा जारी मुख्य दिशानिर्देश
परीक्षा में पारदर्शिता और अनुशासन बनाए रखने के लिए बोर्ड ने कुछ सख्त नियम तय किए हैं।सभी परीक्षार्थियों को 27 जुलाई 2026 तक अपने एडमिट कार्ड और प्रोविजनल मार्कशीट की प्रति के साथ अपने परीक्षा केंद्र पर उपस्थिति दर्ज करानी होगी ताकि परीक्षा की सटीक तिथि व समय स्लॉट तय किया जा सके।
इसके अलावा, व्यावहारिक परीक्षाओं की निष्पक्षता बनाए रखने के उद्देश्य से सीबीएसई के क्षेत्रीय कार्यालय स्वयं बाहरी परीक्षक (External Examiners) नियुक्त करेंगे। आंतरिक परीक्षक (Internal Examiners) की नियुक्ति संबंधित स्कूल द्वारा की जाएगी।
बोर्ड ने स्कूलों को निर्देश दिया है कि जिस दिन परीक्षा समाप्त होगी, उसी दिन छात्रों के प्राप्त अंकों को सीधे सीबीएसई के आधिकारिक ऑनलाइन पोर्टल पर अपलोड करना अनिवार्य होगा। एक बार सिस्टम में अंक दर्ज हो जाने के बाद उनमें किसी भी स्थिति में संशोधन या बदलाव की अनुमति नहीं दी जाएगी।